दुर्ग जिले में किसानों की मजबूत आवाज बनता किसान बंधु संगठन,धमधा के हीरेतरा में लगभग 5000 किसानों का ऐतिहासिक सम्मेलन
उपशीर्षक: गैर-राजनीतिक मंच पर पहली बार कांग्रेस–बीजेपी से अलग दिखी किसानों की एकजुट ताकत, ज्वलंत मुद्दों पर प्रशासन को चेतावनी ,बाबा टेकसिह चंदेल

धमधा - दुर्ग जिले में किसानों के अधिकारों की लड़ाई लड़ता किसान बंधु संगठन तेजी से किसानों की मजबूत आवाज बनकर उभर रहा है। ग्राम हीरेतरा में आयोजित धमधा ब्लॉक के 23 वें स्थापना दिवस पर हुए विशाल किसान सम्मेलन ने इसे पूरी तरह साबित कर दिया। सम्मेलन में करीब 5000 किसानों की मौजूदगी रही, जहां क्षेत्रभर से पहुंचे किसानों ने एकजुट होकर अपनी समस्याएं बुलंद आवाज में रखीं।
इस सम्मेलन की सबसे बड़ी विशेषता यह रही कि यह पूरी तरह गैर-राजनीतिक रहा। किसानों ने बताया कि पहली बार ऐसा दृश्य देखने को मिला, जहां कांग्रेस, बीजेपी या किसी अन्य राजनीतिक दल के झंडे नहीं थे, बल्कि केवल किसान, उनके मुद्दे और उनके अधिकारों की चर्चा थी।
सम्मेलन में किसानों की ज्वलंत समस्याओं को प्रमुखता से उठाया गया। किसानों ने भूमि रकबा त्रुटि सुधार, धान खरीदी केंद्रों में टोकन व्यवस्था को दुरुस्त करने और वर्तमान में 2000 से 2300 कट्टा की सीमा को बढ़ाकर 4000 कट्टा धान खरीदी करने की मांग रखी।
ग्राम परसकोल के किसानों ने बताया कि उन्हें पिछले 30 से 35 वर्षों से मुआवजा नहीं मिला, जिससे वे लगातार परेशान हैं। वहीं ग्राम धूमा सहित पूरे क्षेत्र के किसानों ने बिजली कटौती और बिजली बिलों में हुई बेतहाशा बढ़ोतरी पर नाराजगी जाहिर की।
किसानों ने यह भी आरोप लगाया कि अछोली शराब दुकान फर्जी प्रस्ताव मामला, धमधा जनपद सीईओ के विरोध में जांच की मांग, तथा ठेलका सब स्टेशन में पर्याप्त कर्मचारियों की नियुक्ति को लेकर पूर्व में कलेक्टर को सौंपे गए ज्ञापनों पर आज तक कोई कार्रवाई नहीं हुई, जिससे किसानों में आक्रोश व्याप्त है।
सम्मेलन को संबोधित करते हुए किसान नेता बाबा टेकसिंह चंदेल ने प्रशासन को चेतावनी देते हुए कहा—
“किसान अब सिर्फ सुनता नहीं रहेगा। जमीन, धान, बिजली और मुआवजे से जुड़े मुद्दों को अगर जल्द नहीं सुलझाया गया तो किसान बंधु संगठन सड़क से सदन तक आंदोलन करेगा। यह लड़ाई किसी दल की नहीं, किसान के हक की है।”
कार्यक्रम में अन्य किसान संगठनों के पदाधिकारियों ने भी किसानों को संबोधित किया। इनमें राजकुमार गुप्ता (संयोजक, प्रगतिशील किसान संगठन), आई.के. वर्मा (प्रांतीय अध्यक्ष, प्रगतिशील किसान संगठन), सुदेश टीकम (जिला किसान संघ, राजनांदगांव), रवि ताम्रकार (संयुक्त किसान मोर्चा), ढालेस साहू (जनपद सदस्य दुर्ग), डालू वर्मा (अध्यक्ष, लोधी समाज धमधा सर्किल), जय प्रकाश विश्वकर्मा, सहित कई नेताओं ने किसानों की एकता और संघर्ष को मजबूती देने की बात कही।
कार्यक्रम में आत्मा साहू (अध्यक्ष, किसान बंधु संगठन धमधा ब्लॉक), मोती वर्मा (सरपंच प्रतिनिधि), देवेंद्र चंदेल (पूर्व सरपंच), तामेश्वर चंदेल, इंदूर प्रसाद चंदेल, भुनेश्वर नेताम, भवानी सिन्हा, परमेश्वर साहू, नूतन यादव, महेंद्र वर्मा, लेखराम वर्मा, देवेंद्र वर्मा, राजेंद्र वर्मा, चंद्रकांता राजपूत, पेखन यादव, दादू शर्मा सहित बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे।
लगभग 5000 किसानों के लिए भोजन व्यवस्था के साथ संपन्न हुआ यह सम्मेलन यह संदेश दे गया कि दुर्ग जिले में किसान अब संगठित हैं, जागरूक हैं और अपने अधिकारों के लिए निर्णायक लड़ाई के लिए पूरी तरह तैयार हैं।


